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मुलायम ने अखिलेश को दिया आदेश, आठ महीने में बने सैनिक स्कूल

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समाजवादी पार्टी के मुखिया मुलायम सिंह यादव ने मैनपुरी में आयोजित एक जनसभा में कहा कि मुझे सैनिक स्कूल के शिलान्यास में नहीं बल्कि उद्धाटन में दिलचस्पी है। इस पर कार्यक्रम में मौजूद मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने एक साल का समय मांगा लेकिन आठ माह में बनकर तैयार हो जाना चाहिये, जिस पर मुख्यमंत्री ने हामी भरी।
इस जनसभा के दौरान मैनपुरी में सैनिक स्कूल का शिलान्यास भी किया गया। इस बारे में मुलायम सिंह ने कहा कि उनकी इच्छा है कि इस स्कूल से निकलकर कोई छात्र देश का सेना प्रमुख बने। उन्होंने कहा कि मैनपुरी ने देश को कई वीर सपूत दिये हैं। देश के लिये कुरबानी देने में यह जिला पीछे नहीं रहा है।
सपा मुखिया मुलायम सिंह ने कहा कि उन्हें सैनिक स्कूल के शिलान्यास में नहीं बल्कि उद्धाटन में दिलचस्पी है। इस पर कार्यक्रम में मौजूद मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने एक साल का समय मांगा लेकिन सपा मुखिया ने कहा कि स्कूल आठ माह में बनकर तैयार हो जाना चाहिये, जिस पर मुख्यमंत्री ने हामी भरी।
अखिलेश ने इस मौके पर कहा कि अब तक प्रदेश में केवल लखनऊ में ही सैनिक स्कूल था। दूसरे सैनिक स्कूल का मैनपुरी में शिलान्यास हुआ है। इसके अलावा दो और स्थानों पर ऐसे स्कूल बनाए जाएंगे। तब प्रदेश में चार सैनिक स्कूल हो जाएंगे। इतने सैनिक स्कूल किसी अन्य प्रदेश में नहीं होंगे।
उन्होंने कहा कि मैनपुरी तथा आसपास के जिलों के ही सबसे ज्यादा लोग फौज में भर्ती होते हैं। अब चार सैनिक स्कूलों से पढ़कर निकलने वाले छात्र सेना में अधिकारियों के पद पर बैठेंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार ने समाज के हर वर्ग और उससे जुड़े हर क्षेत्र के लिये काम किया है। उन्होंने मैनपुरी में विशाल कृषि मण्डी के निर्माण, कुरावली को तहसील बनाने, कुरावली में बालिका इण्टर कालेज खुलवाने तथा कलेक्ट्रेट में भव्य सभाकक्ष बनवाने की घोषणाएं भी कीं।
मैनपुरी की जनता का शुक्रिया अदा करते हुए सपा प्रमुख ने कहा यहां की जनता ने बहुत सम्मान दिया। मैं रक्षा मंत्री बना़, प्रधानमंत्री बनते-बनते रह गया। प्रधानमंत्री का पद नहीं, बल्कि जनता के लिये काम करना ज्यादा बड़ी चीज है। लोगों को ना जाने कितने प्रधानमंत्रियों के नाम नहीं याद होंगे। जो काम करता है, वही सबसे बड़ा नेता होता है।

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